About Us

Hands For Care


प्रिय भाईओं बहनो
वर्तमान में भारत भिखारिओं का गुरु है क्यूंकि लगभग 90 % आबादी विलुप्तप्राय है जो की लोकतान्त्रिक नवरत्नों लोकतान्त्रिक दसनन, आदर्श 33 मूल्यों से परिपूर्ण स्थापना नहीं केर सकते लगभग 3.62 % वेंटीलेटर पैर है लोकतान्त्रिक नवरत्नों लोकतान्त्रिक दसननो की सम्प्राप्ति के लायक है एवम 6% मृतप्राय है जो मात्र लोकतान्त्रिक दसननो की सम्प्राप्ति के लायक है।

अर्थात भारत की 99. 62 % आबादी विलुप्तप्राय, मृतप्राय और वेंटीलेटर पैर है और यह दर निरंतर तीव्र होती जा रही है , तीव्र होती दर को मंद करने के लिए एवं एक व्यक्ति एक मूल्य के सिद्धांत के आधार पैर विश्व गुरु भारत के दिवा स्वप्न को पूर्ण करने के लिए हैंड्स फॉर केयर का गठन किया गया ताकि भारत एवम विस्व में जो इंसानियत का आस्तित्व खतरे में पड़ गया है । जो इंसान के आस्तित्व पर सवालिया निसान लगा सकता है क्यू की इंसान ने अपने अस्तित्व को मिटने का साजो सामान स्वय तैयार कर लिया और उसी साजो सामन की बारूद पर सम्पूर्ण विश्व की इंसानियत का आस्तित्व टिका है जो एक चिंगारी से मिट सकता है यदि चिंगारी सोला बन जाये तो।

इस विकराल समस्या की भ्यावता का सहर्ष अंदाजा लगाया जा सकता है जिसका जिम्मेदार “विनाशवान विकास है” इसी विनाशवान विकास को परिवर्तित करने के लिए हैन्डस फॅार केयर निम्नवत मिशन,विशन ऑॅब्जेक्टिव,गोल,टारगेट,का र्निधारण किया है जो भारत को इक्कीसवीं सदी का विश्वगुरु स्थितियों परिस्थतियों वातावरणीय दशाओं का र्निमाण कर तिरस्कृत भारतीयों को महान चकृवर्ती विश्वगुरु युद्धवीर मूलनिवासी का गौरव हासिल कर विश्वबन्धुत्व की नींव रखने में कामयाब हो ऐसी संगठन आशा करता है इस महान जन आन्दोलन में आपका तन मन धन वचन कर्म समय से अपक्षित है।